आशिक़ी अभिनेत्री अनु अग्रवाल ने अपनी आत्मकथा में तांत्रिक लवमेकिंग के बारे में किया ख़ुलासा

आशिक़ी अभिनेत्री अनु अग्रवाल अपने पंद्रह मिनट के फेम बाद इंडस्ट्री से गायब हो गई थी। आशिक़ी, किंग अंकल, द क्लाउड डोर और तिरुडा तिरुडा जैसी फिल्मों में अपने काम के लिए ज़्यादा मशहूर, 1994 के बाद के जीवन के अपने अन्तराल को भरने के लिए, अभिनेत्री अपनी ऑटोबायोग्राफी के साथ अब टाउन में वापस आ गई हैं। एक्ट्रेस, जो अब एक योग गुरु है, ने अपनी बुक का नाम ‘अनुसुअल’ है; जो एक लड़की की कहानी है जो मर कर वापस आई है।

बुक के एक चैप्टर में, अनु ने उस घटना के बारे में ज़िक्र किया है जो 1997 में हुई थी, जब उत्तराखंड के एक सुनसान आश्रम में, उन्होंने उस आश्रम के हेड के साथ तांत्रिक लव मेकिंग का अनुभव करने का दावा किया है। वह कहती हैं कि इस घटना ने उनका जीवन बदल दिया था और उन्हें "उच्च चेतना" प्राप्त करने के लिए अनुमति दे दी थी। घटना की बात करते हुए, एक्ट्रेस ने कहा, “मुझे उस रात के बारे में ज्यादा याद नहीं है और मैं उसे एक दुर्घटना के रूप में नहीं मानती हूँ। यह एक मौत के पास के अनुभव से अधिक था और यह मेरे अध्यात्मिक यात्रा का हिस्सा थी जो मैंने 1997 में शुरू किया था और 2010 में ख़त्म किया था। एक चैप्टर में, जिसका टाइटल है, "अत्यधिक प्रसिद्धि और मां F **** आर , अभिनेत्री ने उन दुर्घटनाओं के बारे में विस्तार से बताया है जो उनके स्टारडम का एक परिणाम थीं।

बुक के कुछ अंश, "मैं भाग्यशाली महसूस करती हूँ मेरे सेक्सुअलिटी, सेंसुअलिटी, या एक इमानदार इंसान का विपरीत सेक्स के सदस्यों के साथ कनेक्ट को लेकर मेरी खोज में मैंने एक भी पत्ता बिना पलटे नहीं छोड़ा, या एक भी बटन अनहुकड नहीं छोड़ा। एक अध्याय "मेरे जीवन में पुरुषों " के तहत, उन्होंने लिखा था, " एक अंग्रेजी वास्तु फर्म के मालिक, लंदन में गैरी ब्राउन जिन्होंने मुझे कोलंबियाई सेना मार्च से इंट्रोड्यूस कराया, उन्होंने मुझे एक खाली शराब की बोतल कई रचनात्मक और सुखद उपयोग दिखाए’ और एक उद्यम पूंजीपति और हारमोनिका खिलाड़ी, टेक्सास से पैट्स, जिसका मुंह इतना नरम था और एक जीभ जो शरीर का सबसे अंतरंग भागों पर सभी दिशाओं में ऐसी घुमती हैं जो मैंने कभी इतनी गहराई से महसूस भी नहीं किया था।”

आशिक़ी अभिनेत्री अनु अग्रवाल ने अपनी आत्मकथा में तांत्रिक लवमेकिंग के बारे में किया ख़ुलासा