कोर्ट ने पाकिस्तान सरकार को दिलीप कुमार की प्रॉपर्टी टेक ओवर करने की दी मंजूरी

दिलीप कुमार की पैतृक प्रॉपर्टी कही जाने वाली संपत्ति को लेकर कोर्ट ने पाकिस्तान सरकार को उसे बेचने और राष्ट्रीय धरोहर घोषित करने का आर्डर दिया है। यह आर्डर हाजी लाल मोहम्मद खान द्वारा फाइल की गई याचिका के चलते दिया गया है जिसमें उन्होंने घर की खरीदी को रद्द करने की अपील की थी। खान के वकील ने प्रॉपर्टी को लेकर सवाल खड़े किए हैं और दावा किया है कि घर को लेकर कुछ गलत जानकारियां प्रदान की गई हैं। 

कहा जा रहा था कि यह अभिनेता दिलीप कुमार की पैतृक संपत्ति थी और उन्होंने अपना बचपन वहां बिताया था। वहीँ याचिकाकर्ता की माने तो यह संपत्ति दिलीप कुमार के पिता द्वारा 1943 में खरीदी गई थी वही दिलीप का जन्म 1922 में हुआ था जो उस फैक्ट को गलत साबित करता है। इन सब के साथ घर को मात्र तीन दिनों में बेच दिया गया था। इसलिए याचिकाकर्ता के अनुसार इसे दिलीप कुमार की पैतृक संपत्ति नहीं कहा जाना चाहिए। 

याचिकाकर्ता के अनुसार, "घर के मालिक शुरुवात में गुलाम मोहियुद्दीन थे जिन्होंने 26 जानकारी 1943 में यह घर इंडियन फिल्म स्टार दिलीप कुमार के पिता गुलाम सरवर को बेचा था।" 2012 में सरकार ने संपत्ति के अधिग्रहण के मामले में नोटिस जारी किया था। याचिकाकर्ता ने उस समय वह ऑफर ठुकरा दिया था।  

कोर्ट ने पाकिस्तान सरकार को दिलीप कुमार की प्रॉपर्टी टेक ओवर करने की दी मंजूरी

Source: dnaindia.com